Print this page
Wednesday, 12 June 2019 17:09

भाजपा संसदीय दल की कार्यकारिणी का गठन, राजनाथ बने उपनेता Featured

Rate this item
(0 votes)

नई दिल्ली: भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) ने बुधवार को अपने संसदीय दल की कार्यकारिणी का गठन किया। लोकसभा में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी उसके नेता और रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह उपनेता होंगे। राज्यसभा में केंद्रीय मंत्री एवं भाजपा का दलित चेहरा, थावरचंद गहलोत को सदन का नेता जबकि उनके कैबिनेट सहयोगी पीयूष गोयल को उपनेता नियुक्त किया गया है। गहलोत राज्यसभा में भाजपा के वरिष्ठ नेता अरुण जेटली के स्थान पर सदन के नेता बने हैं। जेटली ने पार्टी नेतृत्व से अनुरोध किया था कि उनके स्वास्थ्य के मद्देनजर उन्हें प्रमुख पदों से मुक्त किया जाए। केंद्रीय मंत्री स्मृति ईरानी को भाजपा संसदीय दल की कार्यकारिणी समिति में एक विशेष आमंत्रित के तौर पर शामिल किया जाना पार्टी में उनका कद बढ़ने को दिखाता है। लोकसभा चुनाव में ईरानी ने अमेठी सीट पर कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी को हराया था। भाजपा ने संजय जायसवाल को लोकसभा में मुख्य सचेतक नियुक्त किया है। यह पहली बार है जब पार्टी ने तीन महिला सांसदों को विशेष तौर पर महिला सांसदों के लिए सचेतक नियुक्त किया है। इन तीन महिला सचेतकों के अलावा अलग-अलग राज्यों से सांसदों के लिए 15 अन्य सचेतक भी नियुक्त किये गए हैं। लोकसभा में पार्टी के सांसदों की संख्या बढ़कर 303 हो गई है। लोकसभा से भाजपा संसदीय दल की कार्यकारिणी समिति में अन्य विशेष आमंत्रितों में नितिन गडकरी, रविशंकर प्रसाद, अर्जुन मुंडा, नरेंद्र सिंह तोमर और जुएल उरांव शामिल हैं। भाजपा ने ऊपरी सदन के लिए छह सचेतक नियुक्त किये हैं जहां 70 सदस्यों के साथ अकेली सबसे बड़ी पार्टी है। राज्यसभा से कार्यकारिणी में विशेष आमंत्रितों में जे पी नड्डा, ओम प्रकाश माथुर, निर्मला सीतारमण, धर्मेंद्र प्रधान और प्रकाश जावडेकर शामिल हैं। भाजपा महासचिव कैलाश विजयवर्गीय को पार्टी के संसदीय कार्यालय का फिर से प्रभारी और बाला सुब्रह्मण्यम कामर्सु को संसदीय दल कार्यालय का सचिव नियुक्त किया गया है। नवगठित भाजपा संसदीय दल की कार्यकारिणी पार्टी में पीढ़ीगत बदलाव को दिखाती है क्योंकि शायद पहली बार लालकृष्ण आडवाणी और मुरली मनोहर जोशी उसका हिस्सा नहीं हैं। दोनों अब सांसद नहीं हैं। उनके अलावा वरिष्ठ नेता अरूण जेटली और सुषमा स्वराज भी उसके सदस्य नहीं हैं। कार्यकारिणी की पहली बैठक संसद का सत्र शुरू होने से एक दिन पहले 16 जून को अपराह्न साढ़े तीन बजे होगी। सरकार ने उसी दिन सुबह में एक सर्वदलीय बैठक बुलाई है जिसकी अध्यक्षता प्रधानमंत्री करेंगे।

Read 49 times

Related items